अस्‍पताल के डेंगू वार्ड में जेठवारा प्रतापगढ़ की 40 वर्षीय एक महिला भर्ती है।

मरीज़ भर्ती हो तो हर वो व्यक्ति जो आस्तिक है अस्पताल में ही अपने प्रिय के लिये पूजा, मनौती करने लगता है।
लेकिन इलाहाबाद के तेज बहादुर सप्रू चिकित्‍सालय (बेली) में महिला के नमाज पढ़ने का वीडियो वायरल होने के बाद अस्‍पताल प्रशासन ने इस मामले में जांच बैठाई है। आखिर महिला को रोकने के लिए अस्‍पताल कर्मियों ने कवायद क्‍यों नहीं की। आगे से ऐसा न हो इस पर भी सख्‍ती बरती जा रही है।
अस्‍पताल के डेंगू वार्ड में जेठवारा प्रतापगढ़ की 40 वर्षीय एक महिला भर्ती है। उसकी एक तीमारदार पलंग से कुछ दूर जाकर नमाज पढ़ने लगी। वह करीब 12 मिनट तक नमाज पढ़ती रही। वहीं मौजूद कुछ तीमारदारों ने विरोध भी जताया। किसी एक ने मोबाइल फोन से उसकी वीडियो बना ली। उसे वायरल कर दिया तो जानकारी चिकित्साधीक्षक तक भी पहुंची।
बेली अस्पताल के अधीक्षक डा. एमके अखौरी ने बताया कि सूचना मिलने पर वहां गए। नमाज पढ़ने वाली महिला को चेतावनी दी। साथ ही इसकी अनदेखी करने वाली वार्ड प्रभारी शबनम राय को भी चेतावनी दी गई। बताया कि मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं। हद है सांप्रदायिक सत्ता और प्रशासन की धर्मिक संकीर्णता की.

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