पाकिस्तान लाख कोशिश कर ले नहीं जीत पाएगा वर्ल्ड कप, ये 5 कमियां बाबर एंड कंपनी को डुबो देंगी!

पाकिस्तान लाख कोशिश कर ले नहीं जीत पाएगा वर्ल्ड कप, ये 5 कमियां बाबर एंड कंपनी को डुबो देंगी!

वर्ल्ड कप 2023 में पाकिस्तानी टीम अपना पहला मैच नेदरलैंड्स से खेलने वाली है. हैदराबाद में होने वाला ये मुकाबला पाकिस्तान के लिए आसान माना जा रहा है क्योंकि नेदरलैंड्स को भारतीय उपमहाद्वीप में खेलने का ज्यादा अनुभव नहीं और उनके खिलाड़ी भी ज्यादा वनडे क्रिकेट नहीं खेले हैं.

हालांकि इसमें कोई दो राय नहीं कि क्रिकेट में कुछ भी संभव है और मौका पड़ने पर नेदरलैंड्स भी अपनी परफॉर्मेंस से पाकिस्तान को चौंका सकती है. खैर अगर पाकिस्तान पहला मैच जीत भी लेता है तो इसके बाद होने वाले उसके सभी 8 मैच काफी चैलेंजिंग होंगे. पाकिस्तान की मौजूदा परफॉर्मेंस और उसके टीम बैलेंस को देखकर ऐसा भी लग रहा है कि ये टीम वर्ल्ड कप में ज्यादा कुछ नहीं कर पाएगी.

आइए आपको बताते हैं पाकिस्तानी टीम की वो पांच खामियां जिसकी वजह से हम ये कह रहे हैं कि बाबर एंड कंपनी वर्ल्ड कप जीतना तो छोड़िए सेमीफाइनल तक भी नहीं पहुंच सकती. खुद उसके पूर्व क्रिकेटर्स को उम्मीद नहीं है कि बाबर की टीम वर्ल्ड कप जीत सकती है.

पाकिस्तान की पहली कमी

पाकिस्तान की ओपनिंग बिल्कुल नहीं चल रही है. फखर जमां तो फेल हुए ही अब अब्दुल्लाह शफीक ने भी कुछ नहीं किया है. इमाम उल हक तो काफी टाइम से क्वालिटी टीम के खिलाफ रन ही नहीं बना रहे हैं. वर्ल्ड कप जैसे बड़े टूर्नामेंट में पाकिस्तान को उनकी ये कमजोरी भारी पड़सकती है.

बल्लेबाजों के भरोसे टीम

वर्ल्ड कप जीतने के लिए पूरी टीम को योगदान देना होता है. उसकी बैटिंग यूनिट को मिलकर परफॉर्म करना होता है लेकिन पाकिस्तानी टीम की बैटिंग सिर्फ बाबर और रिजवान के भरोसे दिखाई दे रही है. वॉर्मअप मैचों में बाबर और रिजवान ने अर्धशतक ठोक अपने फॉर्म में होने के संकेत दिए हैं लेकिन दूसरे बल्लेबाजों के लिए रन बनाना मुश्किल हो रहा है.

मिडिल ऑर्डर गैरअनुभवी

पाकिस्तान की टीम में मिडिल ऑर्डर में सिर्फ इफ्तिखार अहमद कुछ हद तक इंप्रेस कर पाए हैं लेकिन सलमान आगा ने अबतक निराश किया है. सऊद शकील भी टैलेंटेड खिलाड़ी हैं लेकिन उन्हें ज्यादा अनुभव नहीं है. वर्ल्ड कप के प्रेशर मैचों में वो कैसे डिलीवर कर पाते हैं ये देखने वाली बात रहेगी.

स्पिन अटैक नाकाम

पाकिस्तान के स्पिनर्स का तो बुरा हाल है. शादाब खान और मोहम्मद नवाज की ना तो गेंद घूम रही है और ना ही वो रन रोक पा रहे हैं. उसामा मीर ने अपनी लेग स्पिन से जरूर प्रभावित किया है लेकिन ड्यू गिरने की स्थिति में वो कैसे गेंदबाजी करेंगे.

पेस अटैक में भी जान नहीं

वर्ल्ड कप के शुरू होने से पहले कहा जा रहा था कि उसका पेस अटैक दुनिया में सबसे बेहतरीन है. लेकिन एशिया कप में ये भ्रम भी दूर हो गया. शाहीन अफरीदी हों या हारिस रऊफ हर गेंदबाज की पिटाई हुई. अब नसीम शाह की चोट के बाद पाकिस्तानी टीम अटैक पूरी तरह से लड़खड़ा सा गया है. भारतीय पिचों की बात करें तो अफरीदी और रऊफ दोनों को पिच से कोई मदद नहीं मिल रही है और यही वजह है कि दोनों ने वॉर्मअप मैचों में भी जमकर पिटाई खाई.

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