साउथ अफ्रीका क्रिकेट टीम सभी को पसंद आती हैं क्योंकि उनके पास जोंटी रोड्स

साउथ अफ्रीका क्रिकेट टीम सभी को पसंद आती हैं क्योंकि उनके पास जोंटी रोड्स जैसा फील्डर हैं, जैक्स कैलिस जैसा बैट्समैन,AB डीविलियर्स जैसा फिनिसर औऱ बहुत से खिलाड़ियों से भरी हुई हैं।वैसे ऑस्ट्रेलिया औऱ साउथ अफ्रीका का मैच हो तब हम ख़ुद क़रीब-क़रीब साउथ अफ्रीका का समर्थन करते हैं।एक बॉन्डिंग दिखती है।आज भी AB डिविलियर्स विराट कोहली की तारीफ करते नही थकते। जोंटी रोड्स ने भारत के साथ भावुक बॉन्डिंग के कारण अपनी बेटी का नाम "इण्डिया" रखा। अद्भुत।2011 विश्व कप जब विजयी हुआ तब कोच गैरी क्रिस्टन थे वो भी साउथ अफ्रीका के ओपनर रह चुके हैं।

जब भी विश्वकप की बात होती है तो साउथ अफ्रीका को एक मजबूत टीम माना जाता है लेकिन अंतिम झणों में खिलाड़ियों का आत्मविश्वास डगमगा जाता है इसी कारण साउथ अफ्रीका की इतनी अच्छी टीम होने के बावजूद आज तक कभी भी विश्वकप नहीं जीत पाई है।जिसका सबसे बड़ा उदाहरण 1999 के वर्ल्डकप में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला गए सेमीफाइनल मुकाबले का है।

इस मुकाबले में साउथ अफ्रीका 214 रनों का पीछा कर रही थी जैक्स कैलिस के अर्धशतक और जोंटी रोड्स की 43 रनों की पारी ने उन्हें काफी नजदीक भी ला दिया था. हालांकि, अंतिम ओवर तक उनके 9 विकेट गिर गए थे। आखिर में लांस क्लूजनर और एलन डोनाल्ड पिच पर थे।

आखिरी ओवर में साउथ अफ्रीका को जीत के लिए 9 रनों की जरुरत थी. पहली दो गेंदों पर लांस क्लूजनर ने दो बाउंड्री भी लगा दी।तीसरी गेंद पर रन आउट होने से बचने के चक्कर में नहीं भागे लेकिन असली ड्रामा तो अभी बाकी था।अब तीन गेंदों में एक रन की जरुरत थी,चौथी गेंद पर क्लूजनर ने एक मिस टाइम शॉट खेला और दूसरे एंड पर भाग लिए लेकिन दूसरे एंड पर खड़े तेज गेंदबाज डोनाल्ड को कुछ भी समझ नहीं आया वे वापस मुड़े और फिर रन लेने के लिए भागे। तब तक देर हो चुकी थी एडम गिलक्रिस्ट ने तब तक स्टंप उखाड़ दिए थे और स्कोर बराबरी पर ही छूट गया साउथ अफ्रीका का फाइनल में पहुंचने का सपना सपना ही रह गया औऱ मिल गया 'चोकर्स' का एक बेकार टैग। 
नॉट - फोटोज सभी उसी मैच की हैं।

#AsiaCup2023 #iccworldcup2023 #cricket #india #msdhoni7781 #rohitsharma #cricketnews #viratkohli #cricketfever #cricketreels #jitendrajoshi84 #worldcup #world #southafrica #cricketlovers

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

जयपाल सिंह मुंडा झारखंड के खूंटी जिले में जन्मे थे. ( 3 जनवरी 1903 – 20 मार्च 1970). वे एक जाने माने राजनीतिज्ञ, पत्रकार, लेखक, संपादक, शिक्षाविद् और 1925 में ‘ऑक्सफर्ड ब्लू’ का खिताब पाने वाले हॉकी के एकमात्र अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी

راہ عزیمت کا مسافر(مجاہد دوراں سید مظفر حسین کچھوچھوی)

MANUU awards PhD to Amatur Rehman Maimoona